मंगलवार, 8 दिसंबर 2015

मुरली धन्य भाग्य तुम्हारे हुए 
मोहन ने लगाया अधरों से 
अधरामृत पिलाया अधरों से 
नाजुक कर कमलो से उठा कर के 
तुमको लगाया अधरों से 
मुरली धन्य भाग्य तुम्हारे हुए 
मोहन ने लगाया अधरों से 
कोमल कर से वो उठाते हैं 
तुम्हे अपने करीब हर समय बिठाते हैं 
कभी अपने पास सुलाते हैं 
कभी होंठो का रस तुम्हे पिलाते हैं 
कभी बांध के अपनी कमरिया में 
रसिया अपने साथ तुम्हे ले जाते हैं 
मुरली धन्य भाग तुम्हारे हुए 
मोहन ने लगाया अधरों से ॥ 
जय श्री राधे
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राधा राधे, #मिष्टी Sweetu , # #जीतू.. !! जय श्री #राधे !!   #SwEEtuBEtu ()()



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